Wednesday, March 16, 2022

                                                        जिंदगी  एक  खुशियोंका  सफर
       
                                                                                                                                                                                मेरे दिमाग में हमेशा एक सवाल आता है के सच में जिंदगी खूबसूरत है या नहीं | तो हमेशा एक ही जवाब मिलता था के सच में जिंदगी बहोत खूबसूरत है | पर वो कैसे ? इसपे  हर किसीके अलग अलग विचार होंगे पर मेरे विचार से जिंदगी को हम एक अलग ढंग से देखेंगे तो मई निश्चित तौर से यह कह सकता हु जिंदगी एक आनंद से भरा एक रसगुल्ला है। .... रसगुल्ला शब्द सुनके आप को एक तो हसी आएगी या फिर मुँह में पानी आएगा लेकिन दोनों ही सूरत में आपको आनंद ही मिलेगा। रसगुल्ला जिस तरह कितना भी निचोड़ो तो अपना मिठास भरा रस ही देगा उसी प्रकार हमारी जिंदगी हमेशा सकारात्मक विचारो सी जी जाये तो हमेशा खुशिया ही देती है। हमारे जीवन में बहोत साड़ी कठिनाई आती है  लेकिन हम उसे कठिनाई समझेंगे तो निश्चित तौर पर वो आपको दुख ही देगी और हम कहते है की मेरा  जीवन  बहोत दुखी है। लेकिन जिंदगी में हम अगर एक बात हमेशा मन में रखेंगे के हर समस्या का हल होता ही है।
             आज मै आप लोगो को ऐसे बच्चे की कहानी सुनाऊंगा जो साऱी उम्र भर ऐसी कठिनाईयों से  जिया और उन कठिनाईओ का हल निकालते हुए अपनी जिंदगी खुशिओ से भर  के जिया है। किसीने कहा है की नाम में क्या रखा है इसलिए मई आपको नाम नहीं बताऊंगा। आम तौर पर बच्चे का जन्म होता है तो आसपास मे मिठाही बाटी जाती है लेकिन इस बच्छे का जन्म हुआ तो ना कोई ख़ुशी थी नाही कोई गम था कुणकी इस बॅचचे के पहिले  उस  मा के सत बच्चे मर चुके थे और इस बच्चे कि भि बच् ने कि कोइ उम्मिद नहि थि इस्लिए उस बच्चे को कुडेदान के उपर रख दिया था इस्मे उस म कि कोइ गलति नहि थि उस जमने मे अन्धश्रधा समज मे कुट  कुट  के भरि हुइ थि और समज का यह मन

No comments:

Post a Comment